ग्रहण · 2027
पूर्ण सूर्य ग्रहण 2 अगस्त 2027
पूर्ण सूर्य ग्रहण, 2 अगस्त 2027 — परमग्रास 15:36 (IST), कर्क राशि और पुष्य नक्षत्र में। भारत में यह आंशिक रूप में हमारे सभी 28 नगरों से दिखेगा — दिल्ली में 15:53 से 17:02 तक।
पूर्ण · सूर्य ग्रहण
मुख्य तथ्य
- परमग्रास (IST)
- 15:36
- 2 अगस्त 2027
- परिमाण
- 1.080
- सूर्य का व्यास, परमग्रास पर
- राशि · नक्षत्र
- कर्क · पुष्य
- स्वामी शनि
- भारत में
- 28 में से 28 नगर
- सूतक 12 घंटे पहले से
- पृथ्वी पर आरंभ
- 2 अगस्त 2027, 13:00
- परमग्रास
- 2 अगस्त 2027, 15:36
- पृथ्वी पर समाप्त
- 2 अगस्त 2027, 18:13
ये पृथ्वी पर कहीं भी ग्रहण के आरंभ और अंत के समय हैं; आपके नगर का समय नीचे की तालिका में है।
भारत के नगरों में समय
स्पर्श से मोक्ष तक वह भाग जो सूर्य के क्षितिज के ऊपर रहते दिखता है। समय IST में, समुद्र तल पर।
| नगर | स्पर्श (आरंभ) | मध्य (परमग्रास) | मोक्ष (समाप्ति) | अवधि | ग्रास | सूतक (परंपरा) |
|---|---|---|---|---|---|---|
| दिल्लीदिखेगा | 15:53 | 16:29 | 17:02 | 1 घं 9 मि | 0.17 | 03:53 – 17:02 |
| मुंबईदिखेगा | 15:47 | 16:41 | 17:31 | 1 घं 44 मि | 0.43 | 03:47 – 17:31 |
| कोलकातादिखेगा | 16:14 | 16:44 | 17:12 | 58 मि | 0.14 | 04:14 – 17:12 |
| चेन्नईदिखेगा | 16:02 | 16:54 | 17:41 | 1 घं 39 मि | 0.45 | 04:02 – 17:41 |
| बेंगलुरुदिखेगा | 15:58 | 16:53 | 17:43 | 1 घं 44 मि | 0.49 | 03:58 – 17:43 |
| हैदराबाददिखेगा | 15:58 | 16:47 | 17:33 | 1 घं 35 मि | 0.38 | 03:58 – 17:33 |
| अहमदाबाददिखेगा | 15:44 | 16:35 | 17:21 | 1 घं 37 मि | 0.35 | 03:44 – 17:21 |
| पुणेदिखेगा | 15:49 | 16:43 | 17:32 | 1 घं 43 मि | 0.42 | 03:49 – 17:32 |
| जयपुरदिखेगा | 15:50 | 16:31 | 17:09 | 1 घं 19 मि | 0.22 | 03:50 – 17:09 |
| लखनऊदिखेगा | 16:01 | 16:34 | 17:05 | 1 घं 4 मि | 0.15 | 04:01 – 17:05 |
| पटनादिखेगा | 16:10 | 16:38 | 17:05 | 55 मि | 0.12 | 04:10 – 17:05 |
| भोपालदिखेगा | 15:54 | 16:38 | 17:18 | 1 घं 24 मि | 0.27 | 03:54 – 17:18 |
| इंदौरदिखेगा | 15:51 | 16:37 | 17:21 | 1 घं 30 मि | 0.30 | 03:51 – 17:21 |
| उज्जैनदिखेगा | 15:51 | 16:37 | 17:19 | 1 घं 29 मि | 0.30 | 03:51 – 17:19 |
| नागपुरदिखेगा | 15:58 | 16:42 | 17:23 | 1 घं 25 मि | 0.29 | 03:58 – 17:23 |
| वाराणसीदिखेगा | 16:05 | 16:37 | 17:08 | 1 घं 3 मि | 0.15 | 04:05 – 17:08 |
| प्रयागराजदिखेगा | 16:03 | 16:37 | 17:09 | 1 घं 6 मि | 0.16 | 04:03 – 17:09 |
| चंडीगढ़दिखेगा | 15:53 | 16:25 | 16:56 | 1 घं 3 मि | 0.14 | 03:53 – 16:56 |
| अमृतसरदिखेगा | 15:48 | 16:22 | 16:54 | 1 घं 6 मि | 0.15 | 03:48 – 16:54 |
| श्रीनगरदिखेगा | 15:49 | 16:18 | 16:46 | 57 मि | 0.11 | 03:49 – 16:46 |
| देहरादूनदिखेगा | 15:56 | 16:27 | 16:56 | 1 घं 0 मि | 0.13 | 03:56 – 16:56 |
| गुवाहाटीदिखेगा | 16:26 | 16:39 | 16:52 | 26 मि | 0.03 | 04:26 – 16:52 |
| भुवनेश्वरदिखेगा | 16:09 | 16:46 | 17:21 | 1 घं 12 मि | 0.22 | 04:09 – 17:21 |
| रायपुरदिखेगा | 16:02 | 16:43 | 17:21 | 1 घं 19 मि | 0.25 | 04:02 – 17:21 |
| राँचीदिखेगा | 16:09 | 16:41 | 17:12 | 1 घं 3 मि | 0.16 | 04:09 – 17:12 |
| सूरतदिखेगा | 15:46 | 16:38 | 17:26 | 1 घं 40 मि | 0.38 | 03:46 – 17:26 |
| कोच्चिदिखेगा | 15:58 | 16:56 | 17:49 | 1 घं 51 मि | 0.59 | 03:58 – 17:49 |
| तिरुवनंतपुरमदिखेगा | 16:00 | 16:58 | 17:51 | 1 घं 51 मि | 0.61 | 04:00 – 17:51 |
सूतक: परंपरा क्या कहती है
सूतक ग्रहण से पहले का वह समय है जिसमें परंपरा भोजन पकाने-खाने, पूजा-मूर्ति स्पर्श और शुभ कार्य आरंभ करने से बचने को कहती है। सूर्य ग्रहण में यह ग्रहण आरंभ से 12 घंटे (चार प्रहर) और चंद्र ग्रहण में 9 घंटे (तीन प्रहर) पहले से माना जाता है, और ग्रहण समाप्त होने पर उतरता है। बच्चों, बुज़ुर्गों और अस्वस्थ लोगों के लिए अधिकांश परिवार इसमें ढील देते हैं।
सूतक केवल वहीं माना जाता है जहाँ ग्रहण दिखता है। जो नगर ऊपर ‘नहीं दिखेगा’ है, वहाँ सूतक नहीं; उपच्छाया चंद्र ग्रहण का सूतक सामान्यतः नहीं माना जाता। तालिका का सूतक आपके नगर के ग्रहण-आरंभ से गिना गया है। इसे मानना या न मानना आपकी पारिवारिक परंपरा का विषय है।
सूर्य ग्रहण को कभी सीधी आँख या धूप के चश्मे से न देखें — ISO 12312-2 प्रमाणित सौर चश्मा या पिनहोल प्रोजेक्टर प्रयोग करें।
यह ग्रहण कर्क राशि में है — कर्क राशिफल
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
क्या पूर्ण सूर्य ग्रहण 2 अगस्त 2027 भारत में दिखेगा?
हाँ, हमारे सभी 28 नगरों से। हर नगर का स्पर्श, मध्य और मोक्ष ऊपर की तालिका में है।
पूर्ण सूर्य ग्रहण 2 अगस्त 2027 का सूतक कब से है?
परंपरा में सूतक सूर्य ग्रहण के आरंभ से 12 घंटे पहले लगता है और ग्रहण समाप्त होने पर उतरता है — केवल वहाँ, जहाँ ग्रहण दिखता है। दिल्ली में: 2 अगस्त 2027, 03:53 से 2 अगस्त 2027, 17:02 तक। अन्य नगरों का सूतक तालिका में है।
क्या सूर्य ग्रहण देखना सुरक्षित है?
सीधी आँख, धूप के चश्मे, एक्स-रे फ़िल्म या पानी में प्रतिबिंब से कभी नहीं — आंशिक ग्रहण में भी आँख को स्थायी क्षति हो सकती है। ISO 12312-2 प्रमाणित सौर चश्मा या पिनहोल प्रोजेक्टर प्रयोग करें।
यह ग्रहण किस राशि और नक्षत्र में है?
कर्क राशि, पुष्य नक्षत्र (सूर्य की निरयन स्थिति, परमग्रास के समय)। परंपरा कर्क चंद्र राशि और पुष्य जन्म नक्षत्र वालों को इस दिन शांत रहने, जप-ध्यान करने की सलाह देती है — यह डरने का नहीं, ठहरने का संकेत है।
सभी समय भारतीय मानक समय (IST) में। निरयन राशियाँ, लाहिड़ी (चित्रपक्ष) अयनांश; राहु स्पष्ट (true) पात, केतु ठीक सामने। हमारे अपने खगोलीय इंजन से गणना — स्विस एफ़ेमेरिस से मिलान पर राशि प्रवेश का अंतर 2 मिनट से कम (राहु-केतु 15 मिनट से कम)। ग्रहण हमारे इंजन के सूर्य और चंद्रमा से गिने जाते हैं; नगरों के समय स्विस एफ़ेमेरिस से मिलाए गए हैं (1–2 मिनट के भीतर; सूर्योदय/चंद्रोदय के समय कुछ मिनट)। नगर निर्देशांक: GeoNames।