खरमास 2026 बुधवार 16 दिसंबर 2026 को सुबह 10:25 पर शुरू होगा, जब सूर्य निरयन धनु राशि में प्रवेश करेंगे, और गुरुवार 14 जनवरी 2027 को रात 9:10 पर खत्म होगा, जब सूर्य मकर राशि में जाएँगे। हमारा मुहूर्त कैलेंडर सूर्योदय के समय की स्थिति देखता है, इसलिए विवाह और गृह प्रवेश के दिन 17 दिसंबर 2026 से 14 जनवरी 2027 तक बंद हैं, और इसके बाद पहला विवाह मुहूर्त शुक्रवार 15 जनवरी 2027 को है।
यह छोटा जवाब है। आगे पढ़ें कि खरमास क्या है, इसमें परंपरा क्या रोकती है और क्या नहीं, बंद दिन शुरुआत के समय से एक दिन बाद क्यों गिने जाते हैं, और 2027 में मार्च-अप्रैल वाला दूसरा खरमास कब है।
खरमास क्या है
खरमास, जिसे मलमास भी कहते हैं, वह सौर महीना है जब सूर्य धनु या मीन राशि से होकर गुज़रते हैं। ये दोनों राशियाँ गुरु (बृहस्पति) की हैं। परंपरा मानती है कि इस समय सूर्य गुरु के घर में हैं, इसलिए यह महीना पूजा-पाठ, दान और आत्मचिंतन का है, और घर-परिवार के नए बड़े काम सूर्य के आगे बढ़ने तक टाल दिए जाते हैं।
साल में यह दो बार आता है:
| खरमास | सूर्य का प्रवेश | सूर्य का निकलना | हमारे मुहूर्त कैलेंडर में बंद |
|---|---|---|---|
| धनु खरमास 2026–27 | 16 दिसंबर 2026, सुबह 10:25 (धनु) | 14 जनवरी 2027, रात 9:10 (मकर में) | 17 दिसंबर 2026 – 14 जनवरी 2027 |
| मीन खरमास 2027 | 15 मार्च 2027, सुबह 7:00 (मीन) | 14 अप्रैल 2027, दोपहर 3:28 (मेष में) | 16 मार्च – 14 अप्रैल 2027 |
| धनु खरमास 2027–28 | 16 दिसंबर 2027, शाम 4:38 | 15 जनवरी 2028, तड़के 3:24 | 17 दिसंबर 2027 से |
सभी समय भारतीय समय में हैं, निरयन राशि चक्र और लाहिड़ी अयनांश से, हमारे अपने गणना इंजन के। यही अवधि खरमास 2026 पेज और खरमास 2027 पेज पर भी है।
धनु खरमास का अंत और मकर संक्रांति एक ही क्षण है। 2027 में सूर्य 14 जनवरी की रात 9:10 पर मकर में पहुँचते हैं, यानी सूर्यास्त के बाद, इसलिए त्योहार शुक्रवार 15 जनवरी 2027 को मनाया जाएगा। यह नियम मकर संक्रांति पेज पर और मकर संक्रांति 2027: 14 या 15 वाले लेख में समझाया गया है।
बंद दिन 17 दिसंबर से क्यों
सूर्य 16 दिसंबर को सुबह 10:25 पर धनु में आते हैं। यह दिन चढ़ने के बाद का समय है, पूरे भारत में सूर्योदय के बाद। हमारा मुहूर्त कैलेंडर कोई दिन खुला है या बंद, यह उस दिन के सूर्योदय पर आकाश की स्थिति देखकर तय करता है, ठीक वैसे जैसे पंचांग सूर्योदय की तिथि को पूरे दिन की तिथि मानता है। 16 दिसंबर के सूर्योदय पर सूर्य अभी वृश्चिक में हैं, इसलिए वह दिन खरमास से बंद नहीं होता; 17 दिसंबर से होता है।
दूसरे सिरे पर, 14 जनवरी के सूर्योदय पर सूर्य अभी धनु में ही हैं (वे रात 9:10 पर निकलते हैं), इसलिए 14 जनवरी भी बंद रहता है और 15 जनवरी पहला खुला दिन है।
कुछ पंचांग "16 दिसंबर से 14 जनवरी" लिखते हैं, कुछ "15 दिसंबर से 14 जनवरी"। सूर्य के राशि प्रवेश का क्षण तथ्य है; किनारे के दिनों को गिनना या न गिनना परिपाटी है। हम क्षण और अपनी परिपाटी दोनों साथ दिखाते हैं, ताकि आप दोनों देख सकें।
खरमास में क्या टाला जाता है
उत्तर भारत के घरों में आम चलन है कि बड़े संस्कार और घर के नए काम खरमास में शुरू नहीं किए जाते। हमारे मुहूर्त नियमों में खरमास इन कामों को रोकता है:
- विवाह
- गृह प्रवेश (नए घर में प्रवेश)
- भूमि पूजन (नींव और निर्माण की शुरुआत)
- कर्णवेध (कान छेदना)
मुंडन भी इस समय बंद रहता है, पर अपने अलग नियम से: इसके शास्त्रीय सौर मास मकर, कुंभ, मेष, वृषभ और मिथुन हैं, इसलिए धनु और मीन दोनों इसमें नहीं आते।
क्या सामान्य रूप से चलता रहता है
खरमास पूरे जीवन के लिए अशुभ महीना नहीं है। रोज़ की पूजा, जप, पाठ, दान, मंदिर जाना और त्योहार सब चलते रहते हैं, और बहुत से लोग इन्हीं के लिए यह महीना चुनते हैं। विवाह पंचमी 14 दिसंबर 2026 को है, खरमास शुरू होने से ठीक पहले।
हमारे मुहूर्त नियमों में ये काम खरमास से नहीं रुकते (इन्हें केवल अधिक मास रोकता है, और इस अवधि में अधिक मास नहीं है):
- वाहन खरीद
- नामकरण
- व्यापार आरंभ
- संपत्ति खरीद
- यात्रा
- अन्नप्राशन
- विद्यारंभ
यहाँ परिवारों की परंपरा अलग-अलग है। कुछ लोग हर नई शुरुआत के लिए खरमास बीतने का इंतज़ार करते हैं, कुछ केवल विवाह का नियम मानते हैं। अगर आपके कुल पुरोहित कुछ और कहते हैं तो वह भी मान्य स्थानीय परंपरा है; हमारे नियम हम मुहूर्त कैसे निकालते हैं पेज पर लिखे हैं, ताकि आप मिलान कर सकें।
खरमास से पहले की आखिरी और बाद की पहली शादी की तारीखें
चातुर्मास 20 नवंबर 2026 को देवउठनी एकादशी के साथ खत्म होता है, इसलिए साल के अंत का विवाह मौसम छोटा है। हमारे नई दिल्ली कैलेंडर में:
| महीना | विवाह की तारीखें |
|---|---|
| नवंबर 2026 | 21, 24, 25, 26, 30 |
| दिसंबर 2026 | 2, 3, 4, 5, 6, 10, 11, 12 |
| 17 दिसंबर 2026 – 14 जनवरी 2027 | कोई नहीं (खरमास) |
| जनवरी 2027 | 15, 19, 20, 23, 24, 25, 26, 27, 28, 29, 30, 31 |
यानी 2026 का आखिरी विवाह मुहूर्त शनिवार 12 दिसंबर है, और शादियों का मौसम शुक्रवार 15 जनवरी 2027 से फिर शुरू होता है। हर दिन का सही समय महीने के पेज पर है। अगले पूरे साल की सूची विवाह मुहूर्त 2027 लेख में है।
2027 में मार्च-अप्रैल का खरमास
सूर्य 15 मार्च 2027 सुबह 7:00 पर मीन में आते हैं और 14 अप्रैल 2027 दोपहर 3:28 पर मेष में जाते हैं। हमारे कैलेंडर में मार्च की आखिरी विवाह तारीखें 14 और 15 मार्च हैं, 16 मार्च से 14 अप्रैल तक कुछ नहीं, और अप्रैल की पहली तारीख 16 अप्रैल है। होली से पहले के होलाष्टक के दिन (16 से 21 मार्च 2027) भी इसी अवधि में पड़ते हैं।
शांति से योजना बनाएँ
खरमास बरसों पहले से मिनट तक तय होता है, इसलिए इसके हिसाब से योजना बनाना आसान है। अगर इस सर्दी में शादी करनी ही है, तो 2 से 12 दिसंबर 2026 और जनवरी 2027 का दूसरा पखवाड़ा आपके विकल्प हैं। अगर गृह प्रवेश रुक सकता है, तो जनवरी के बीच से फिर रास्ता खुलता है। जो काम रोक की सूची में नहीं हैं, उनके लिए खरमास से योजना बदलने की ज़रूरत नहीं। अपने शहर की आज की तिथि, सूर्योदय और राहु काल पंचांग में देखें।
खुद देखें
मुफ़्त मुहूर्त टूल खोलें: विवाह, गृह प्रवेश और दूसरे कामों के खुले दिन दिखेंगे, और यह भी कि कोई दिन क्यों बंद है। दिसंबर 2026 विवाह मुहूर्त और जनवरी 2027 विवाह मुहूर्त पेज खरमास के दोनों ओर के समय-खंड दिखाते हैं, और त्योहार कैलेंडर में मकर संक्रांति और लोहड़ी की तारीखें हैं।