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मुहूर्त · जून 2027

नामकरण मुहूर्त जून 2027

जून 2027 के 30 में से 6 दिन नामकरण के लिए शुभ हैं (नई दिल्ली)। नीचे हर दिन है: शुभ दिन समय सहित, बाक़ी दिन उस नियम के साथ जो उन्हें रोकता है।

जून 2027: हर दिन का निर्णय

दिनसूर्योदय परनिर्णय
1 जूनमंगलवारकृष्ण एकादशीरेवती
  • मंगलवार नामकरण के लिए प्रयुक्त वार नहीं है।
2 जूनबुधवारकृष्ण द्वादशीअश्विनी
  • 05:23 – 08:293 घं 6 मि · कृष्ण द्वादशी · अश्विनी
  • 08:29 – 12:163 घं 48 मि · कृष्ण त्रयोदशी · अश्विनी
3 जूनगुरुवारकृष्ण त्रयोदशीभरणी
  • चंद्रमा भरणी, कृत्तिका नक्षत्र में — नामकरण के अनुकूल नक्षत्र नहीं।
4 जूनशुक्रवारअमावस्याकृत्तिका
  • तिथि अमावस्या — नामकरण के लिए प्रयुक्त तिथि नहीं।
5 जूनशनिवारशुक्ल प्रतिपदारोहिणी
  • शनिवार नामकरण के लिए प्रयुक्त वार नहीं है।
6 जूनरविवारशुक्ल द्वितीयाआर्द्रा
  • रविवार नामकरण के लिए प्रयुक्त वार नहीं है।
7 जूनसोमवारशुक्ल तृतीयापुनर्वसु
  • 05:22 – 07:071 घं 44 मि · शुक्ल तृतीया · पुनर्वसु
  • 08:51 – 15:266 घं 35 मि · शुक्ल तृतीया · पुनर्वसु
8 जूनमंगलवारशुक्ल चतुर्थीपुष्य
  • मंगलवार नामकरण के लिए प्रयुक्त वार नहीं है।
9 जूनबुधवारशुक्ल पंचमीआश्लेषा
  • चंद्रमा आश्लेषा नक्षत्र में — नामकरण के अनुकूल नक्षत्र नहीं।
10 जूनगुरुवारशुक्ल षष्ठीमघा
  • चंद्रमा मघा, पूर्वा फाल्गुनी नक्षत्र में — नामकरण के अनुकूल नक्षत्र नहीं।
11 जूनशुक्रवारशुक्ल अष्टमीपूर्वा फाल्गुनी
  • तिथि शुक्ल अष्टमी — नामकरण के लिए प्रयुक्त तिथि नहीं।
12 जूनशनिवारशुक्ल नवमीउत्तरा फाल्गुनी
  • शनिवार नामकरण के लिए प्रयुक्त वार नहीं है।
13 जूनरविवारशुक्ल दशमीहस्त
  • रविवार नामकरण के लिए प्रयुक्त वार नहीं है।
14 जूनसोमवारशुक्ल एकादशीचित्रा
  • 05:22 – 07:071 घं 45 मि · शुक्ल एकादशी · चित्रा
  • 08:52 – 14:075 घं 15 मि · शुक्ल एकादशी · चित्रा
15 जूनमंगलवारशुक्ल द्वादशीस्वाति
  • मंगलवार नामकरण के लिए प्रयुक्त वार नहीं है।
16 जूनबुधवारशुक्ल त्रयोदशीविशाखा
  • चंद्रमा विशाखा नक्षत्र में — नामकरण के अनुकूल नक्षत्र नहीं।
17 जूनगुरुवारशुक्ल चतुर्दशीअनुराधा
  • तिथि शुक्ल चतुर्दशी (रिक्ता) — नामकरण के लिए प्रयुक्त तिथि नहीं।
18 जूनशुक्रवारपूर्णिमाज्येष्ठा
  • तिथि पूर्णिमा — नामकरण के लिए प्रयुक्त तिथि नहीं।
  • चंद्रमा ज्येष्ठा नक्षत्र में — नामकरण के अनुकूल नक्षत्र नहीं।
19 जूनशनिवारपूर्णिमामूल
  • शनिवार नामकरण के लिए प्रयुक्त वार नहीं है।
20 जूनरविवारकृष्ण प्रतिपदापूर्वाषाढ़ा
  • रविवार नामकरण के लिए प्रयुक्त वार नहीं है।
21 जूनसोमवारकृष्ण द्वितीयाउत्तराषाढ़ा
  • 05:23 – 07:081 घं 45 मि · कृष्ण द्वितीया · उत्तराषाढ़ा
  • 08:53 – 10:351 घं 42 मि · कृष्ण द्वितीया · उत्तराषाढ़ा
  • 10:35 – 19:218 घं 46 मि · कृष्ण तृतीया · उत्तराषाढ़ा
22 जूनमंगलवारकृष्ण तृतीयाउत्तराषाढ़ा
  • मंगलवार नामकरण के लिए प्रयुक्त वार नहीं है।
23 जूनबुधवारकृष्ण चतुर्थीश्रवण
  • 15:43 – 19:223 घं 39 मि · कृष्ण पंचमी · धनिष्ठा
24 जूनगुरुवारकृष्ण पंचमीधनिष्ठा
  • 05:24 – 11:065 घं 42 मि · कृष्ण पंचमी · धनिष्ठा
  • 11:06 – 14:083 घं 2 मि · कृष्ण पंचमी · धनिष्ठा
  • 15:52 – 18:102 घं 17 मि · कृष्ण पंचमी · शतभिषा
25 जूनशुक्रवारकृष्ण षष्ठीशतभिषा
  • तिथि कृष्ण षष्ठी — नामकरण के लिए प्रयुक्त तिथि नहीं।
26 जूनशनिवारकृष्ण सप्तमीपूर्वा भाद्रपद
  • शनिवार नामकरण के लिए प्रयुक्त वार नहीं है।
27 जूनरविवारकृष्ण अष्टमीउत्तरा भाद्रपद
  • रविवार नामकरण के लिए प्रयुक्त वार नहीं है।
28 जूनसोमवारकृष्ण नवमीरेवती
  • तिथि कृष्ण नवमी (रिक्ता) — नामकरण के लिए प्रयुक्त तिथि नहीं।
29 जूनमंगलवारकृष्ण दशमीअश्विनी
  • मंगलवार नामकरण के लिए प्रयुक्त वार नहीं है।
30 जूनबुधवारकृष्ण एकादशीभरणी
  • चंद्रमा भरणी नक्षत्र में — नामकरण के अनुकूल नक्षत्र नहीं।

बाक़ी दिनों के मुख्य कारण: अनुपयुक्त वार (13), अनुकूल नक्षत्र नहीं (6), अनुपयुक्त तिथि (4), रिक्ता तिथि (2)

हमारे नियम

नक्षत्र
अश्विनी, रोहिणी, मृगशिरा, पुनर्वसु, पुष्य, उत्तरा फाल्गुनी, हस्त, चित्रा, स्वाति, अनुराधा, उत्तराषाढ़ा, श्रवण, धनिष्ठा, शतभिषा, उत्तरा भाद्रपद, रेवती
तिथि
शुक्ल 1, 2, 3, 5, 7, 10, 11, 12, 13; कृष्ण 2, 3, 5, 7, 10, 11, 12, 13
वार
सोमवार, बुधवार, गुरुवार, शुक्रवार
टाले जाते हैं
राहु काल, विष्टि (भद्रा) करण, रात्रि
पूरे दिन छोड़े जाते हैं
अधिक मास
नामकरण मुहूर्त: पूरी जानकारी और प्रश्न

ये तिथियाँ हमारे अपने इंजन से, खुले नियमों पर निकली हैं — कोई AI नहीं। हम लग्न शुद्धि, व्यक्तिगत तारा/चंद्र बल, पंचक और क्षेत्रीय प्रथाएँ नहीं देखते, और नियम कई परंपराओं का साझा, सख़्त भाग हैं; इसलिए कुछ पंचांगों की कुछ तिथियाँ यहाँ नहीं होंगी। अंतिम निर्णय से पहले अपने पुरोहित से पूछ लें। हम मुहूर्त कैसे निकालते हैं